1. परिचय (Introduction)
भूकंपों और प्लेट विवर्तनिकी (Plate Tectonics) के बीच एक गहरा और सीधा संबंध है। वास्तव में, प्लेट विवर्तनिकी का सिद्धांत भूकंपों के वैश्विक वितरण और उनकी उत्पत्ति के कारणों की सबसे व्यापक व्याख्या प्रदान करता है। दुनिया के 95% से अधिक भूकंप टेक्टोनिक प्लेटों की सीमाओं पर ही आते हैं, जहाँ ये विशाल भूखंड एक-दूसरे से संपर्क करते हैं।
2. भूकंप और प्लेट सीमाएँ (Earthquakes and Plate Boundaries)
टेक्टोनिक प्लेटें पृथ्वी के एस्थेनोस्फीयर पर लगातार गति कर रही हैं। यह गति प्लेटों के किनारों पर भारी तनाव (Stress) पैदा करती है। इलास्टिक रिबाउंड सिद्धांत के अनुसार, जब यह तनाव चट्टानों की सहनशक्ति से अधिक हो जाता है, तो वे टूट जाती हैं, और ऊर्जा भूकंपीय तरंगों के रूप में मुक्त होती है। विभिन्न प्रकार की प्लेट सीमाओं पर विभिन्न प्रकार के भूकंप उत्पन्न होते हैं।
3. अभिसारी प्लेट सीमाएँ (Convergent Boundaries)
- क्रियाविधि: इन सीमाओं पर, प्लेटें एक-दूसरे से टकराती हैं, जिससे अत्यधिक संपीडन तनाव (Compressional Stress) उत्पन्न होता है।
- भूकंप का प्रकार: यह सबसे शक्तिशाली और गहरे भूकंपों का क्षेत्र है। यहाँ उथले, मध्यवर्ती और गहरे (700 किमी तक) सभी प्रकार के भूकंप आते हैं।
- प्रविष्ठन क्षेत्र (Subduction Zones): जहाँ एक महासागरीय प्लेट महाद्वीपीय प्लेट के नीचे खिसकती है (जैसे प्रशांत महासागर का रिंग ऑफ फायर), वहाँ मेगाथ्रस्ट भूकंप (Megathrust Earthquakes) आते हैं, जो सबसे विनाशकारी होते हैं और सुनामी उत्पन्न कर सकते हैं।
- टकराव क्षेत्र (Collision Zones): जहाँ दो महाद्वीपीय प्लेटें टकराती हैं (जैसे हिमालय), वहाँ शक्तिशाली लेकिन उथले भूकंप आते हैं।
4. अपसारी प्लेट सीमाएँ (Divergent Boundaries)
- क्रियाविधि: इन सीमाओं पर, प्लेटें एक-दूसरे से दूर जाती हैं, जिससे भूपर्पटी में तनावपूर्ण बल (Tensional forces) उत्पन्न होता है और दरारें बनती हैं।
- भूकंप का प्रकार: यहाँ आने वाले भूकंप लगभग हमेशा उथले (<70 किमी) और कम से मध्यम परिमाण के होते हैं।
- स्थान: ये मुख्य रूप से मध्य-महासागरीय कटकों (Mid-Oceanic Ridges) पर और महाद्वीपीय रिफ्ट घाटियों (Continental Rift Valleys) में होते हैं।
5. संरक्षी प्लेट सीमाएँ (Transform Boundaries)
- क्रियाविधि: इन सीमाओं पर, प्लेटें एक-दूसरे के समानांतर क्षैतिज रूप से खिसकती हैं। घर्षण के कारण, वे एक-दूसरे से चिपक जाती हैं, तनाव जमा होता है, और फिर अचानक खिसक जाती हैं।
- भूकंप का प्रकार: ये सीमाएँ शक्तिशाली और विनाशकारी, उथले-केंद्र वाले भूकंप उत्पन्न करती हैं। चूँकि उद्गम केंद्र सतह के करीब होता है, इसलिए वे बहुत अधिक क्षति पहुँचा सकते हैं।
- उदाहरण: कैलिफोर्निया का सैन एंड्रियास भ्रंश (San Andreas Fault) और तुर्की का नॉर्थ एनाटोलियन भ्रंश इसके प्रमुख उदाहरण हैं।
6. अंतरा-प्लेट भूकंप (Intra-plate Earthquakes)
- ये भूकंप प्लेट सीमाओं से दूर, प्लेटों के आंतरिक भागों में आते हैं और अपेक्षाकृत दुर्लभ होते हैं।
- कारण: इनका कारण प्लेट सीमाओं से प्रसारित होने वाला तनाव है जो प्लेट के भीतर मौजूद प्राचीन, कमजोर भ्रंश क्षेत्रों को पुनः सक्रिय कर देता है।
- महत्व: ये अप्रत्याशित होते हैं और उन क्षेत्रों में आते हैं जो भूकंप के लिए तैयार नहीं होते हैं, जिससे वे अत्यधिक विनाशकारी हो सकते हैं। 1993 में लातूर (भारत) और 1811-12 में न्यू मैड्रिड (यूएसए) के भूकंप इसके उदाहरण हैं।