1. परिचय (Introduction)
ज्वार (Sorghum) क्षेत्रफल और उत्पादन की दृष्टि से चावल और गेहूँ के बाद भारत की तीसरी सबसे महत्वपूर्ण खाद्यान्न फसल है। यह मध्य और दक्षिणी भारत के अर्ध-शुष्क क्षेत्रों में लाखों लोगों के लिए मुख्य भोजन है। इसका उपयोग मानव भोजन के अलावा पशुओं के चारे (Fodder) के रूप में भी बड़े पैमाने पर किया जाता है।
2. जलवायु आवश्यकताएँ (Climatic Requirements)
- तापमान: यह एक गर्म मौसम की फसल है जिसे 26°C से 33°C के बीच उच्च तापमान की आवश्यकता होती है।
- वर्षा: यह एक वर्षा आधारित फसल है जो उन क्षेत्रों में उगाई जाती है जहाँ 30 सेमी से 100 सेमी के बीच वर्षा होती है। यह अत्यधिक सूखा-सहिष्णु है।
- मिट्टी: यह विभिन्न प्रकार की मिट्टी में उगाया जा सकता है, लेकिन यह काली और लाल मिट्टी में सबसे अच्छा होता है।
3. प्रमुख उत्पादक राज्य (Major Producing States)
- महाराष्ट्र (सबसे बड़ा उत्पादक)
- कर्नाटक
- मध्य प्रदेश
- आंध्र प्रदेश
- तेलंगाना
4. फसल मौसम (Crop Season)
ज्वार को खरीफ और रबी दोनों मौसमों में उगाया जाता है:
- खरीफ फसल: उत्तरी भारत में यह मुख्य रूप से एक खरीफ फसल है।
- रबी फसल: प्रायद्वीपीय भारत, विशेषकर महाराष्ट्र और कर्नाटक में, यह एक महत्वपूर्ण रबी फसल है।
5. उन्नत किस्में (High Yielding Varieties – HYVs)
- CSH-9, CSH-16
- CSV-15, CSV-17
6. कृषि प्रथाएँ (Agricultural Practices)
ज्वार की खेती मुख्य रूप से उन क्षेत्रों में की जाती है जहाँ सिंचाई की सुविधा कम होती है। इसे कम उर्वरक और देखभाल की आवश्यकता होती है, जिससे यह छोटे किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण फसल बन जाती है। इसे अक्सर दालों के साथ मिश्रित फसल के रूप में उगाया जाता है।
7. उत्पादन और उपज (Production and Yield)
- उत्पादन: भारत दुनिया में ज्वार के शीर्ष उत्पादकों में से एक है।
- महत्व: यह गरीब ग्रामीण आबादी के लिए पोषण का एक महत्वपूर्ण स्रोत है।
8. परीक्षा हेतु महत्वपूर्ण तथ्य (Important Facts for Exams)
- ज्वार खरीफ और रबी दोनों मौसमों की फसल है।
- यह शुष्क भूमि कृषि (Dryland Farming) की एक महत्वपूर्ण फसल है और सूखा-सहिष्णु है।
- महाराष्ट्र भारत का सबसे बड़ा ज्वार उत्पादक राज्य है।
- यह भारत की तीसरी सबसे महत्वपूर्ण खाद्यान्न फसल है।
- इसका उपयोग भोजन और चारे दोनों के लिए किया जाता है।
9. अन्य महत्वपूर्ण तथ्य (Other Important Facts)
- भारतीय कदन्न अनुसंधान संस्थान (Indian Institute of Millets Research) हैदराबाद में स्थित है, जो ज्वार पर भी अनुसंधान करता है।
- ज्वार पोषक तत्वों जैसे कार्बोहाइड्रेट, प्रोटीन, और खनिजों से भरपूर होता है।
- इसका उपयोग इथेनॉल उत्पादन और औद्योगिक अनुप्रयोगों में भी किया जाता है।